सुप्रीम कोर्ट में इतने सारे भ्रष्ट जज कि मुझे गिनती याद नहीं रही, सीनियर एडवोकेट दुष्यंत दवे का गंभीर आरोप

Updated on 28-09-2026 11:29 AM
नई दिल्ली: चुनाव आयोग के सवालों के घेरे में आने के बाद अब न्यायपालिका पर भी गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं। वरिष्ठ वकील दुष्यंत दवे ने शुक्रवार एक बड़ा दावा करते हुए आरोप लगाया कि सुप्रीम कोर्ट में कई भ्रष्ट जज रहे हैं, जिससे न्याय व्यवस्था को भारी नुकसान पहुंचा है। उन्होंने आगे कहा कि न्यायपालिका अमीर और ताकतवर लोगों के पक्ष में झुक गई है और लगातार ऐसी कार्यपालिका का समर्थन कर रही है जो और ज्यादा ताकतवर हो गई है।

लाइव लॉ की रिपोर्ट के मुताबिक दवे ने यह भी माना कि न्यायपालिका में 'कुछ बेहतरीन जज' भी रहे हैं, लेकिन दूसरे जजों के व्यवहार ने न्याय को भारी नुकसान पहुंचाया है। दवे 17वां के.एम. बशीर मेमोरियल में किसी खास विषय पर लेक्चर दे रहे थे।

सुप्रीम कोर्ट में इतने सारे भ्रष्ट जज कि मुझे गिनती याद नहीं रही

दवे ने कहा कि न्यायपालिका में 48 साल तक वकील रहने के बाद मैं कह सकता हूं कि न्यायपालिका में कुछ बेहतरीन जज रहे हैं, लेकिन सुप्रीम कोर्ट में इतने सारे भ्रष्ट जज भी रहे हैं कि अब मुझे उनकी गिनती भी याद नहीं रही। उन्होंने आगे कहा कि न्याय इंसानों की बुनियादी जरूरत है।

दवे ने आरोप लगाया कि न्यायिक व्यवस्था अमीर और ताकतवर लोगों के पक्ष में झुक गई है। उन्होंने कहा कि वे न्याय को अपने पक्ष में मोड़ लेते हैं। अमीर और ताकतवर लोगों ने न्यायिक व्यवस्था पर कब्जा कर लिया है। उनके मामलों की सुनवाई तेजी से होती है।

बड़े औद्योगिक घरानों को अक्सर अपने पक्ष में फैसले मिलते हैं

उन्होंने आगे कहा कि बड़े औद्योगिक घरानों को अक्सर अपने पक्ष में फैसले मिलते हैं। उन्होंने कहा कि वे अपने मामलों में हमेशा सफल होते हैं। आप कोई भी बिजनेस अखबार उठाकर देख लें, आपको दिखेगा कि बड़े औद्योगिक घरानों को हर दूसरे या तीसरे दिन अपने पक्ष में कोई न कोई फैसला मिलता है। यह बहुत हैरानी की बात है कि वे सभी मामलों में कैसे सफल हो जाते हैं।

वे कभी हारते नहीं हैं, लेकिन असल में ऐसा ही हो रहा है। दवे ने न्यायपालिका और कार्यपालिका के रिश्तों को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका ऐसी कार्यपालिका का समर्थन कर रही है जो ज्यादा ताकतवर हो गई है। उन्होंने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए अनुच्छेद 32 के तहत अपनी संवैधानिक भूमिका का ठीक से पालन नहीं कर रहा है।

न्यायपालिका और कार्यपालिका के बीच के रिश्ते पर जताई चिंता

दवे ने न्यायपालिका और कार्यपालिका के बीच के रिश्ते को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि न्यायपालिका ऐसी कार्यपालिका का समर्थन कर रही है जो ज़्यादा ताकतवर हो गई है। उन्होंने यह भी कहा कि सुप्रीम कोर्ट मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए अनुच्छेद 32 के तहत अपनी संवैधानिक भूमिका ठीक से नहीं निभा रहा है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 28 September 2026
व्योमश चन्द्र जुगरान: उत्तराखंड के हिमालय क्षेत्र में वृक्ष रेखा और हिमरेखा के बीच की खूबसूरत भौगोलिक संरचनाएं 'बुग्याल' कहलाती है। 10 से 13 हजार फीट की ऊंचाई पर मीलों…
 28 September 2026
नई दिल्ली: जाने-माने जिओ पॉलिटिकल एक्सपर्ट ब्रह्मा चेलानी ने अमेरिका और चीन के बीच बनते अनौपचारिक 'G2' (दो देशों के प्रभुत्व वाले) ढांचे को लेकर दुनिया को आगाह किया है।…
 28 September 2026
नई दिल्ली: मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विपक्ष के विरोध प्रदर्शन के बीच जंतर-मंतर पर अग्रवाल और वैश्व संगठनों के सदस्यों ने ज्ञानेश कुमार के समर्थन में प्रदर्शन किया। राहुल…
 28 September 2026
नई दिल्ली: सर्दियों में ठंड बढ़ने के साथ सांस की बीमारियों से होने वाली मौतों का आंकड़ा भी बढ़ जाता है। देश के 245 अस्पतालों में किए गए अध्ययन में…
 28 September 2026
नई दिल्ली: रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा है कि भारत पांचवीं पीढ़ी के साथ-साथ छठी पीढ़ी के लड़ाकू विमान विकसित करने की दिशा में…
 28 September 2026
नई दिल्ली: चुनाव आयोग के सवालों के घेरे में आने के बाद अब न्यायपालिका पर भी गंभीर आरोप लगाए जा रहे हैं। वरिष्ठ वकील दुष्यंत दवे ने शुक्रवार एक बड़ा…
 28 September 2026
नई दिल्ली: भारत की रक्षा उत्पादन क्षमता को बढ़ाने में राफेल लड़ाकू विमानों का सौदा अहम भूमिका निभा सकता है। रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने कहा है कि फ्रांस…
 27 September 2026
नई दिल्ली: भारत में अपने कार्यकाल को याद करते हुए बांग्लादेश के हाई कमिश्नर ने कश्मीर के स्कूल का दिलचस्प अनुभव शेयर किया है। उन्होंने बताया कि करीब तीन सप्ताह…
 27 September 2026
आचार्य प्रशांत : IIT बॉम्बे में इस साल छात्र आत्महत्या का यह तीसरा मामला है। इसमें जातिगत भेदभाव के आरोप भी हैं और जाँच चल रही है। जाँच में क्या…
Advt.